मोम की गुड़िया लिरिक्स (Mom Ki Gudiya Lyrics in Hindi) पढ़ें। Aaman Trikha की आवाज़ में Bhavai का भावुक और दार्शनिक गीत। पूरे हिंदी बोल, सरल अर्थ, जीवन का संदेश और वीडियो एक ही जगह पाएं।
Mom Ki Gudiya Lyrics in Hindi – Full Song Lyrics (मोम की गुड़िया)
इक मोम की गुड़िया से मंच पे मिला था तू
रंग खेल का चला था खेलने को तू
इक मोम की गुड़िया से मंच पे मिला था तू
रंग खेल का चला था खेलने को तू
जलती हुई आग में सब हाथ सेकते हैं
काँच की दीवार पे पत्थर ही फेंकते हैं
रूप की कला से मिल सके ना मिल के
कर दिया लोगों ने टुकड़े टुकड़े दिल के
टूटे दिल से ये आवाज़ आई
दुनिया रंग मंच है
खेल खेलते हैं सब
जैसे मदारी नचाए नाचते हैं सब
रंग मंच पे रंग मंच पे
रंग मंच पे रंग मंच पे
रंग मंच पे रंग मंच पे
कसूर था गुनाह था
क्या जुर्म था मेरा
खिलाफ बेगुनाह के
था ज़ुल्म ये तेरा
फिर शीशे का दिल क्यूँ बनाया
टूटते देखा रहम ना आया
मेरी इज़्ज़त के फ़ज़ीहते
कर दिए खाक देवा
आए देवा ओ देवा
दुनिया रंग मंच है
खेल खेलते हैं सब
जैसे मदारी नचाए नाचते हैं सब
रंग मंच पे रंग मंच पे
रंग मंच पे रंग मंच पे
रंग मंच पे रंग मंच पे
ख्यालों के सफ़र में भी
मेरे दरार थी
तेरे बगैर ज़िंदगी खाली
दयार थी
किसी की मोहब्बत रास ना आई
फ़ितरती तूने दुनिया बनाई
लगी मायूसी मेरे हाथ
वा रे वा देवा
आए देवा ओह देवा
दुनिया रंग मंच है
खेल खेलते हैं सब
जैसे मदारी नचाए नाचते हैं सब
रंग मंच पे रंग मंच पे
रंग मंच पे रंग मंच पे
रंग मंच पे रंग मंच पे
गीतकार: शब्बीर अहमद
🔗 Share/शेयर करें:
About Mom Ki Gudiya (मोम की गुड़िया) Song
यहाँ पर "Mom Ki Gudiya" (मोम की गुड़िया) गाने के बोल दिए गए हैं, जो फिल्म "Bhavai" से है। इस गाने को Aaman Trikha ने गाया है, और music composer और lyricist दोनों Shabbir Ahmed हैं। फिल्म में Pratik Gandhi और Aindrita Ray मुख्य भूमिका में हैं, और यह गाना Zee Music Company के लेबल पर रिलीज़ हुआ है। यह एक भावुक और दार्शनिक गीत है, जो जीवन को एक "रंग मंच" (colorful stage) की तरह दिखाता है।
गाने के बोल बताते हैं कि दुनिया एक रंगमंच है, जहाँ सब लोग खेल खेलते हैं, जैसे कोई मदारी (juggler) सबको नचाता है। गीत में एक "मोम की गुड़िया" (wax doll) का ज़िक्र है, जो नाज़ुक और कोमल इंसान या रिश्ते को दर्शाती है। फिर यह भी कहा गया है कि लोग जलती आग में हाथ सेकते हैं और काँच की दीवार पर पत्थर फेंकते हैं, यानी दुनिया में कठोरता और छल-कपट आम है। गीत में टूटे दिल का दर्द भी है, जहाँ "काँच का दिल" बनाकर उसे तोड़ दिया गया, और इज्जत को मिट्टी में मिला दिया गया।
आखिर में, गीत यह सवाल उठाता है कि क्या कसूर था, क्या जुर्म था? जिंदगी ख्यालों के सफर में भी अकेली और दरारों से भरी लगती है। यह गाना इंसानी फितरत और दुनिया के खेल पर गहरी सोच देता है, जहाँ मोहब्बत रास नहीं आती और मायूसी हाथ लगती है। "Rang Manch" शब्द को बार-बार दोहराकर यह संदेश दिया गया है कि जीवन एक नाटक है, जिसमें हर कोई अपनी भूमिका निभाता है।
Song Details
| Song | Mom Ki Gudiya |
|---|---|
| Album | Bhavai |
| Singer | Aaman Trikha |
| Lyricist | Shabbir Ahmed |
| Composer | Shabbir Ahmed |
| Release Date | 15 September 2021 |
| YouTube Video | Watch on YouTube |
Frequently Asked Questions
Who sang the song "Mom Ki Gudiya"?
The song was sung by Aaman Trikha.
Who wrote the lyrics of "Mom Ki Gudiya"?
The lyrics were written by Shabbir Ahmed.
Who composed the music for "Mom Ki Gudiya"?
The music was composed by Shabbir Ahmed.
Which album is "Mom Ki Gudiya" from?
The song is from the album "Bhavai".
When was "Mom Ki Gudiya" released?
The song was released on 15 September 2021.